प्रेम और सम्बन्ध
3प्रेम कम नहीं है, समय गलत है। ज़रूरी बात सुबह नहीं, दिन ढलने पर कहें।
शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2026
आप आने वाली तिथि का राशिफल देख रहे हैं।
आज का राशिफल →वृषभ राशि, शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2026: 5 में से 2.5 — चन्द्रमा मिथुन राशि (मृगशिरा नक्षत्र) में, वृषभ से द्वितीय भाव में।
चन्द्रमा दूसरे भाव में है, ध्यान धन, परिवार और वाणी की ओर जाएगा। आज कही हुई बात दूर तक जाती है — शब्द सोच-समझकर चुनें।
चन्द्रमा के नक्षत्र का स्वामी मंगल है, जिससे ताप और जल्दबाज़ी बढ़ती है। शारीरिक श्रम के लिए उत्तम, उन बहसों के लिए बुरा जिन्हें जीतना आपको महँगा पड़े।
प्रेम कम नहीं है, समय गलत है। ज़रूरी बात सुबह नहीं, दिन ढलने पर कहें।
बिना परखे कोई समय-सीमा न दें। कोई उसे अक्षरशः याद रखेगा।
आय और व्यय लगभग बराबर रहेंगे। स्थिति सुधारने के बजाय सँभालकर रखें।
छोटी बातों का ध्यान रखें: पानी, स्क्रीन का समय, और खड़े-खड़े खाया गया भोजन।
सुझाया गया उपाय
सन्ध्या के समय घी का दीपक जलाएँ और उसके बाद कुछ क्षण मौन रहें।
विधि
यह भविष्यवाणी जिन निरयण स्थितियों से निकाली गई है, वे नीचे दी गई हैं। इनमें से हर एक को आप किसी भी पंचांग से मिला सकते हैं।
चन्द्रमा दूसरे भाव में है, ध्यान धन, परिवार और वाणी की ओर जाएगा। आज कही हुई बात दूर तक जाती है — शब्द सोच-समझकर चुनें।
प्रेम कम नहीं है, समय गलत है। ज़रूरी बात सुबह नहीं, दिन ढलने पर कहें।
बिना परखे कोई समय-सीमा न दें। कोई उसे अक्षरशः याद रखेगा।
आय और व्यय लगभग बराबर रहेंगे। स्थिति सुधारने के बजाय सँभालकर रखें।
छोटी बातों का ध्यान रखें: पानी, स्क्रीन का समय, और खड़े-खड़े खाया गया भोजन।
शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2026 को वृषभ राशि का शुभ अंक 6 और शुभ रंग सफ़ेद है। सबसे शुभ समय 07:30 – 09:00 रहेगा।
हम लाहिरी अयनांश से शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2026 के सूर्योदय के समय सूर्य और चन्द्रमा का निरयण देशान्तर निकालते हैं, फिर वृषभ से चन्द्रमा का भाव गिनते हैं। शास्त्रीय गोचर में चन्द्रमा के लिए प्रथम, तृतीय, षष्ठ, सप्तम, दशम और एकादश भाव शुभ माने जाते हैं तथा अष्टम — चन्द्राष्टम — सबसे कठिन। प्रयोग की गई हर स्थिति पृष्ठ पर छपी है।