प्रेम और सम्बन्ध
3.5प्रेम कम नहीं है, समय गलत है। ज़रूरी बात सुबह नहीं, दिन ढलने पर कहें।
रविवार, 1 नवंबर 2026
आप आने वाली तिथि का राशिफल देख रहे हैं।
आज का राशिफल →वृश्चिक राशि, रविवार, 1 नवंबर 2026: 5 में से 3 — चन्द्रमा कर्क राशि (पुष्य नक्षत्र) में, वृश्चिक से नवम भाव में।
चन्द्रमा नवें भाव से गुज़र रहा है, जहाँ वह कमज़ोर रहता है। योजनाओं, कागज़ी कार्यों और लम्बी यात्राओं में रुकावट आएगी। आज ज़िद से सस्ता धैर्य पड़ेगा।
चन्द्रमा के नक्षत्र का स्वामी शनि है, जो हर चीज़ को जानबूझकर धीमा करता है। कुछ रुका नहीं है — बस उसे उसका उचित समय लेने दिया जा रहा है।
प्रेम कम नहीं है, समय गलत है। ज़रूरी बात सुबह नहीं, दिन ढलने पर कहें।
सहकर्मी सहयोगी भी हैं और धीमे भी। इस देरी को अपने वादों में जोड़कर चलें।
खर्च से पहले समीक्षा करें। आँकड़े ठीक हैं — उनके पीछे की धारणाएँ जाँचने योग्य हैं।
ऊर्जा लगातार नहीं, झोंकों में मिलेगी। उन्हीं शिखरों के अनुसार दिन बाँटें।
सुझाया गया उपाय
शिव मन्दिर में कच्चे दूध मिश्रित जल अर्पित करें।
विधि
यह भविष्यवाणी जिन निरयण स्थितियों से निकाली गई है, वे नीचे दी गई हैं। इनमें से हर एक को आप किसी भी पंचांग से मिला सकते हैं।
चन्द्रमा नवें भाव से गुज़र रहा है, जहाँ वह कमज़ोर रहता है। योजनाओं, कागज़ी कार्यों और लम्बी यात्राओं में रुकावट आएगी। आज ज़िद से सस्ता धैर्य पड़ेगा।
प्रेम कम नहीं है, समय गलत है। ज़रूरी बात सुबह नहीं, दिन ढलने पर कहें।
सहकर्मी सहयोगी भी हैं और धीमे भी। इस देरी को अपने वादों में जोड़कर चलें।
खर्च से पहले समीक्षा करें। आँकड़े ठीक हैं — उनके पीछे की धारणाएँ जाँचने योग्य हैं।
ऊर्जा लगातार नहीं, झोंकों में मिलेगी। उन्हीं शिखरों के अनुसार दिन बाँटें।
रविवार, 1 नवंबर 2026 को वृश्चिक राशि का शुभ अंक 9 और शुभ रंग गहरा हरा है। सबसे शुभ समय 06:00 – 07:30 रहेगा।
हम लाहिरी अयनांश से रविवार, 1 नवंबर 2026 के सूर्योदय के समय सूर्य और चन्द्रमा का निरयण देशान्तर निकालते हैं, फिर वृश्चिक से चन्द्रमा का भाव गिनते हैं। शास्त्रीय गोचर में चन्द्रमा के लिए प्रथम, तृतीय, षष्ठ, सप्तम, दशम और एकादश भाव शुभ माने जाते हैं तथा अष्टम — चन्द्राष्टम — सबसे कठिन। प्रयोग की गई हर स्थिति पृष्ठ पर छपी है।