प्रेम और सम्बन्ध
4रिश्ते बिना विशेष प्रयास के स्थिर होंगे। कोई आपकी ओर पहल कर रहा है — उसे कहकर स्वीकारें।
शनिवार, 31 अक्टूबर 2026
आप आने वाली तिथि का राशिफल देख रहे हैं।
आज का राशिफल →मेष राशि, शनिवार, 31 अक्टूबर 2026: 5 में से 4 — चन्द्रमा मिथुन राशि (आर्द्रा नक्षत्र) में, मेष से तृतीय भाव में।
चन्द्रमा तीसरे भाव में है, जो उसकी शुभ स्थितियों में से एक है। साहस लौटता है, छोटी यात्राएँ सफल रहती हैं और टाली हुई बातचीत आसान निकलती है।
चन्द्रमा के नक्षत्र पर राहु का शासन है, जो सीमाएँ धुँधली करता है और लालसा बढ़ाता है। जो बात ज़रूरत से ज़्यादा सुविधाजनक लगे, उसे जाँच लें।
रिश्ते बिना विशेष प्रयास के स्थिर होंगे। कोई आपकी ओर पहल कर रहा है — उसे कहकर स्वीकारें।
काम गति पकड़ेगा। जो फाइलें दूसरों के पास अटकी थीं, स्वीकृत होकर लौटेंगी और आपकी राय पर भरोसा किया जाएगा।
खर्च से पहले समीक्षा करें। आँकड़े ठीक हैं — उनके पीछे की धारणाएँ जाँचने योग्य हैं।
दमखम ठीक है, धैर्य नहीं। मन को शांत करने के लिए शरीर को चलाएँ।
सुझाया गया उपाय
पूर्व दिशा की ओर मुख करके ग्यारह बार गायत्री मंत्र का जप करें।
विधि
यह भविष्यवाणी जिन निरयण स्थितियों से निकाली गई है, वे नीचे दी गई हैं। इनमें से हर एक को आप किसी भी पंचांग से मिला सकते हैं।
चन्द्रमा तीसरे भाव में है, जो उसकी शुभ स्थितियों में से एक है। साहस लौटता है, छोटी यात्राएँ सफल रहती हैं और टाली हुई बातचीत आसान निकलती है।
रिश्ते बिना विशेष प्रयास के स्थिर होंगे। कोई आपकी ओर पहल कर रहा है — उसे कहकर स्वीकारें।
काम गति पकड़ेगा। जो फाइलें दूसरों के पास अटकी थीं, स्वीकृत होकर लौटेंगी और आपकी राय पर भरोसा किया जाएगा।
खर्च से पहले समीक्षा करें। आँकड़े ठीक हैं — उनके पीछे की धारणाएँ जाँचने योग्य हैं।
दमखम ठीक है, धैर्य नहीं। मन को शांत करने के लिए शरीर को चलाएँ।
शनिवार, 31 अक्टूबर 2026 को मेष राशि का शुभ अंक 27 और शुभ रंग केसरिया है। सबसे शुभ समय 16:30 – 18:00 रहेगा।
हम लाहिरी अयनांश से शनिवार, 31 अक्टूबर 2026 के सूर्योदय के समय सूर्य और चन्द्रमा का निरयण देशान्तर निकालते हैं, फिर मेष से चन्द्रमा का भाव गिनते हैं। शास्त्रीय गोचर में चन्द्रमा के लिए प्रथम, तृतीय, षष्ठ, सप्तम, दशम और एकादश भाव शुभ माने जाते हैं तथा अष्टम — चन्द्राष्टम — सबसे कठिन। प्रयोग की गई हर स्थिति पृष्ठ पर छपी है।